RBK Refund Scam: क्या आप Amazon से महंगे प्रोडक्ट्स जैसे लैपटॉप, ग्राफिक कार्ड या गेमिंग डिवाइस खरीदते हैं? सोचते हैं कि रिफंड पॉलिसी बहुत आसान और भरोसेमंद है? लेकिन एक संगठित गैंग ने इसी भरोसे का फायदा उठाकर Amazon को 4 मिलियन डॉलर यानी करीब 30 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाया है। यह कोई छोटा-मोटा स्कैम नहीं था। यह एक प्लान्ड रिफंड फ्रॉड था जो Telegram ऐप पर खुलेआम चल रहा था।
इस स्कैम के बारे में जानकर आप सतर्क हो जाएंगे। इससे आपको समझ आएगा कि ऑनलाइन शॉपिंग में छोटी-छोटी गलतियां कितना बड़ा नुकसान कर सकती हैं। साथ ही, आप सीखेंगे कि ऐसे फ्रॉड से कैसे बचें और अपनी शॉपिंग को सुरक्षित रखें। सही जानकारी से आप पैसे बचा सकते हैं और परेशानी से दूर रह सकते हैं।
Amazon RBK Refund Scam क्या है?
Amazon ने अमेरिका की कोर्ट में एक बड़ा मुकदमा दायर किया है। इसमें RBK नाम के ग्रुप पर आरोप लगाया गया है कि उन्होंने Telegram चैनल के जरिए लोगों को रिफंड सर्विस बेची। ग्रुप का दावा था “Amazon से प्रोडक्ट खरीदो, हमें संपर्क करो, हम बिना प्रोडक्ट लौटाए पूरा पैसा वापस दिलवा देंगे।”
यह स्कैम फरवरी 2023 से चल रहा था RBK के Telegram चैनल पर 1000 से ज्यादा सब्सक्राइबर्स थे और 2100 से अधिक फेक टेस्टिमोनियल्स (vouches) डाले गए थे। कुल मिलाकर उन्होंने 4 मिलियन डॉलर से ज्यादा के फर्जी रिफंड क्लेम कर लिए।
स्कैम कैसे काम करता था? आसान भाषा में समझें
स्कैम की प्रक्रिया बहुत सीधी लेकिन चालाक थी:
- यूजर Amazon से महंगा आइटम खरीदता जैसे लैपटॉप, GPU (ग्राफिक कार्ड), ड्रोन आदि।
- फिर RBK के Telegram चैनल पर संपर्क करता और अपना Amazon अकाउंट लॉगिन डिटेल्स दे देता।
- RBK के लोग Amazon कस्टमर सपोर्ट से खरीदार बनकर बात करते।
- वे शिकायत करते कि पैकेज खाली आया या बिल्कुल नहीं मिला।
- यहां ट्विस्ट था – वे फेक पुलिस रिपोर्ट भी बना देते ताकि शिकायत असली लगे।
- Amazon रिफंड जारी कर देता क्योंकि कंपनी ट्रस्ट पर काम करती है।
- यूजर प्रोडक्ट अपने पास रख लेता और RBK को ऑर्डर वैल्यू का 15% से 30% कमीशन दे देता।
उदाहरण के लिए, अगर आपने 1 लाख रुपये का लैपटॉप लिया तो RBK को 15,000 से 30,000 रुपये देना पड़ता। बाकी पैसा आपको मिल जाता और प्रोडक्ट भी आपके पास रहता। पूरा नुकसान Amazon का होता। यह तरीका सोशल इंजीनियरिंग कहलाता है। इसमें लोगों या कंपनी के सिस्टम को चतुराई से मैनिपुलेट किया जाता है।
Amazon ने कैसे पकड़ा इस स्कैम को?
Amazon ने खुद undercover जांच की। उनके एक इन्वेस्टिगेटर ने RBK से संपर्क किया। उन्होंने PlayStation Portal खरीदा और RBK को बिटकॉइन में कमीशन दिया। फिर देखा कि RBK ने फेक क्लेम करके रिफंड कैसे दिलवाया।
जांच में Telegram चैनल से क्लू मिले – एक वीडियो और इमेज में कथित एडमिन की डिटेल्स थीं। नाम आया Dias Temirbekul Zhumaniyaz जो कजाकिस्तान में रहता है। IP एड्रेस ट्रैक करने पर पता चला कि ये अकाउंट्स कई फ्रॉड केस से जुड़े हैं।
इन अकाउंट्स से लैपटॉप, ड्रोन और महंगे AMD Radeon RX 7900 XT जैसे ग्राफिक कार्ड्स खरीदे गए और रिफंड ले लिए गए।
Amazon ने क्या एक्शन लिया?
Amazon ने वाशिंगटन स्टेट की डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में मुकदमा दायर किया। इसमें तीन मुख्य नाम हैं – Dias Temirbekul Zhumaniyaz (कजाकिस्तान), Michael Bauschelt (कैलिफोर्निया) और Adnan Islam (न्यूयॉर्क)। साथ में 20 अज्ञात लोग भी शामिल हैं, जिनमें Amazon के अंदरूनी लोग भी हो सकते हैं।
Amazon की मांग है:
- पूरा 4 मिलियन डॉलर का नुकसान वापस मिले
- जांच और लीगल खर्च (75,000 डॉलर से ज्यादा) भी आरोपी भरें
- भविष्य में ऐसे स्कैम करने से रोका जाए
भारत के यूजर्स के लिए क्या मतलब है?
हम भारत में Amazon से बहुत शॉपिंग करते हैं। रिफंड सिस्टम भरोसे पर चलता है। अगर ऐसे स्कैम बढ़ते गए तो कंपनियां रिफंड पॉलिसी सख्त कर देंगी।
सही यूजर्स को भी रिफंड लेने में ज्यादा दस्तावेज देना पड़ेगा, वेरिफिकेशन बढ़ जाएगा और समय ज्यादा लगेगा। छोटी समस्या में भी रिफंड मिलना मुश्किल हो सकता है।
Telegram जैसे प्लेटफॉर्म पर कई ग्रुप आसानी से मिल जाते हैं जो “रिफंड सर्विस”, “फ्री प्रोडक्ट” या “कैशबैक” का लालच देते हैं। ये दिखने में बिल्कुल असली लगते हैं लेकिन अंदर से फ्रॉड होते हैं।
ऐसे स्कैम से कैसे बचें? जरूरी टिप्स
- कभी भी अपना Amazon लॉगिन किसी को न दें।
- रिफंड के लिए हमेशा खुद Amazon ऐप या वेबसाइट से संपर्क करें।
- Telegram या WhatsApp पर आने वाले “रिफंड हेल्प” वाले ऑफर्स से दूर रहें।
- महंगे प्रोडक्ट खरीदते समय डिलीवरी की वीडियो रिकॉर्ड करें।
- संदिग्ध एक्टिविटी दिखे तो तुरंत Amazon को रिपोर्ट करें।
निष्कर्ष:
यह Amazon RBK Refund Scam हमें याद दिलाता है कि ऑनलाइन सुविधा के साथ जिम्मेदारी भी आती है। कंपनी ट्रस्ट पर चलती है, लेकिन कुछ लोग इसका गलत फायदा उठाते हैं। सतर्क रहकर हम न सिर्फ खुद को बचाते हैं बल्कि सिस्टम को भी मजबूत बनाते हैं। अगर आपको कभी रिफंड की जरूरत पड़े तो सीधे Amazon सपोर्ट से बात करें कोई शॉर्टकट अपनाने की कोशिश न करें।

मेरा नाम कृष्ण शर्मा है। मैं शिवपुरी जिले (मध्य प्रदेश) का रहने वाला हूं। मैं इस फील्ड में करीब 3 वर्षों से आप लोगों के बीच कार्य करता आ रहा हूं। इससे पहले भी मैंने इस फील्ड में सफलतापूर्वक वेबसाइट्स का संचालन किया है। उसी पुराने अनुभव और विश्वास के साथ मैं दोबारा इस फील्ड में कार्य करने आया हूं। मेरा उद्देश्य केवल आर्टिकल लिखना नहीं, बल्कि अपने विजिटर्स को सही, सटीक तथा जल्द से जल्द जानकारी पहुंचाने का कार्य करना है।